*तोखन साहू की विशेष पहल को मिली ऐतिहासिक सफलता: माता साहिब हासी देवी की 200वीं जयंती पर आज रायपुर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु करेंगी*

आज छत्तीसगढ़ और देश के लिए एक ऐतिहासिक व गौरवशाली अध्याय बनने जा रहा है। केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री तथा बिलासपुर सांसद तोखन साहू जी की विशेष पहल और अनथक प्रयासों के परिणामस्वरूप आज राजधानी रायपुर के लोक भवन में आयोजित भव्य समारोह में देश की महामहिम राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु माता साहिब हासी देवी के सम्मान में ₹200 का विशेष स्मारक सिक्का आज जारी करेंगी।
*संतों की महान विरासत को राष्ट्रीय पटल पर चिरस्थायी सम्मान*
माता साहिब हासी देवी जी का अवतरण वर्ष 1826 में सिंध की धरा पर हुआ था। उन्होंने वर्ष 1852 में शदाणी दरबार की पंचम गद्दी संभालकर समाज को भक्ति, सदाचार, और लोककल्याण का मार्ग दिखाया था। इस महान आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित कराने के लिए केंद्रीय मंत्री तोखन साहू ने केंद्र सरकार के स्तर पर विशेष रुचि लेते हुए प्रशासनिक और आवश्यक प्रयास किए थे।
*निश्चय से सिद्धि तक: इस ऐतिहासिक प्रयास का पूरा घटनाक्रम*
* 30 जून 2026: केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू ने केंद्रीय वित्त मंत्री को पत्र लिखकर माता हासी देवी जी की 200वीं जयंती के उपलक्ष्य में ₹200 मूल्यवर्ग का स्मारक सिक्का जारी करने का औपचारिक और पुरजोर आग्रह किया था।
*30 जुन 2026 को श्री साहू ने ज्योतिरादित्य एम. सिध्या से मुलाकर कर सिक्का जारी करने हेतू पत्र दिए जिसे त्वरित संज्ञान लिए और 22 जुलाई को आदेश जारी कर दिया गया.
* 9 जुलाई 2026: श्री साहू के इस दूरदर्शी आग्रह पर त्वरित संज्ञान लेते हुए भारत सरकार ने भारत के राजपत्र (Gazette) में स्मारक सिक्के के निर्गमन की आधिकारिक अधिसूचना प्रकाशित कर दी।
* 7 अगस्त 2026: केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने श्री तोखन साहू को आधिकारिक पत्र भेजकर भारत सरकार के इस निर्णय और राजपत्र अधिसूचना के प्रकाशन से अवगत कराया।
केन्द्रीय राज्यमंत्री तोखन साहू ने राष्ट्रपति को सिक्का का विमोचन करने हेतू पत्र लिखे और आज 22 अक्टूबर को सिक्का जारी हो रहा है।
*संतों का सान्निध्य और गरिमामयी उपस्थिति*
इस भव्य और अलौकिक विमोचन समारोह में शदाणी दरबार तीर्थ के नवम पीठाधीश संत डॉ. युधिष्ठिर लाल महाराज विशेष रूप से सम्मिलित हो रहे हैं, जिनके पावन सान्निध्य में यह आयोजन संपन्न हो रहा है।
केंद्रीय मंत्री श्री तोखन साहू के इस सराहनीय और दूरदर्शी प्रयास से न केवल छत्तीसगढ़ की महान आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय मानचित्र पर गौरवशाली स्थान मिला है, बल्कि शदाणी दरबार के अनुयायियों, सिंधी समाज और पूरे प्रदेशवासियों में अपार हर्षोल्लास का माहौल है।